[ क्षितिज-गद्य खंड प्रश्नों का संग्रह। ]
झारखंड में आयोजित होने वाली JPSC, JSSC, JET, झारखंड पुलिस भर्ती परीक्षा आदि के लिए उपयोगी सामान्य अध्ययन।
[ क्षितिज-गद्य खंड प्रश्नों का संग्रह। ]
Useful GK for JPSC, JSSC, JET, Jharkhand Police and other exams.
231. फेन उगलते झरने का क्या नाम था?
231.
सही उत्तर: सेवन सिस्टर्स वॉटर फॉल
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने फेन उगलते हुए जिस सुंदर झरने का वर्णन किया है, उसका नाम "सेवन सिस्टर्स वॉटर फॉल" है। यह अपने मनोहारी दृश्य और तीव्र जलधारा के लिए प्रसिद्ध है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
232. छाया पहाड़ की वादियों में क्या लिखा था?
232.
सही उत्तर: थिंक ग्रीन
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने उल्लेख किया है कि छाया पहाड़ की वादियों में "Think Green" लिखा था। यह पर्यावरण संरक्षण, हरियाली बनाए रखने और प्रकृति के प्रति जागरूकता का संदेश देता है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
233. पहाड़ी औरतें पत्थरों पर बैठी क्या कर रही थीं?
233.
सही उत्तर: पत्थर तोड़ रही थीं
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने देखा कि पहाड़ी औरतें कठिन परिस्थितियों में पत्थरों पर बैठकर पत्थर तोड़ने का श्रमसाध्य कार्य कर रही थीं। यह उनके कठिन जीवन, मेहनत और आजीविका के संघर्ष को दर्शाता है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
234. पहाड़ी औरतों के हाथ में क्या था?
234.
सही उत्तर: कुदाल एवं हथौड़ा
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने देखा कि पहाड़ी औरतों के हाथों में कुदाल और हथौड़ा था, जिनसे वे पत्थर तोड़ने का कठिन कार्य कर रही थीं। यह उनके श्रम, संघर्ष और जीविका के साधनों का प्रतीक है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
235. पहाड़ी औरतें पीठ पर डोको क्यों बाँधती थीं?
235.
सही उत्तर: बच्चा रखने हेतु
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में उल्लेख है कि पहाड़ी औरतें काम करते समय अपने बच्चे को सुरक्षित रखने और साथ ले जाने के लिए पीठ पर डोको (बाँस की टोकरी) बाँधती थीं।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
236. पहाड़ी औरतें क्या बना रही थीं?
236.
सही उत्तर: रास्ता
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने देखा कि पहाड़ी औरतें कठिन परिश्रम से पत्थर तोड़कर सड़क (रास्ता) बनाने का कार्य कर रही थीं। यह उनके श्रम, साहस और कठिन जीवन-संघर्ष को दर्शाता है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
237. लेखिका से किस विभाग के कर्मचारी ने कहा कि पहाड़िनें रास्ते को चौड़ा बना रही थीं?
237.
सही उत्तर: बॉर्डर रोड ऑर्गेनाइजेशन (बी.आर.ओ.)
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका को बॉर्डर रोड ऑर्गेनाइजेशन (Border Roads Organisation - BRO) के एक कर्मचारी ने बताया कि पहाड़ी महिलाएँ सड़क को चौड़ा बनाने का कार्य कर रही थीं।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
238. सिक्किम सरकार के बोर्ड पर क्या लिखा था?
238.
सही उत्तर: एवर वंडर्ड हू डिफाइंड डेथ बिल्ड दीज रोड्स
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने सड़क किनारे लगे बोर्ड पर लिखा संदेश "Ever Wondered Who Defied Death, Built These Roads?" देखा। यह संदेश उन श्रमिकों के साहस और कठिन परिश्रम को सम्मान देता है, जिन्होंने अपनी जान जोखिम में डालकर पहाड़ों में सड़कें बनाईं।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
239. "साना-साना हाथ जोड़ि ......" पाठ में झारखण्ड के किन जिलों का वर्णन है?
239.
सही उत्तर: पलामू तथा गुमला
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका ने तुलना और संदर्भ के रूप में झारखण्ड के पलामू तथा गुमला जिलों का उल्लेख किया है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.
240. लेखिका ने सिक्किम की पहाड़ी औरतों की तुलना झारखण्ड के किन जिलों की आदिवासी युवतियों से की है?
240.
सही उत्तर: पलामू और गुमला
व्याख्या: यात्रा-वृत्तांत "साना-साना हाथ जोड़ि ......" में लेखिका मधु कांकरिया ने सिक्किम की पहाड़ी महिलाओं की तुलना झारखण्ड के पलामू और गुमला जिलों की आदिवासी युवतियों से की है। दोनों क्षेत्रों की महिलाओं के श्रम, संघर्ष और कठिन जीवन का उल्लेख किया गया है।
Correct Answer:
Explanation: Important question.